दिल्ली के एक कॉलोनी में रहने वाले रमेश भाई रोज़ सुबह 6 बजे उठने की कोशिश करते थे, लेकिन देर से सोने की आदत थी। जब उनके घर एक आवारा कुत्ते ने जन्म दिया, तो रमेश ने एक पिल्ला रख लिया – नाम रखा ‘टॉमी’। टॉमी रोज़ सुबह ठीक 5:45 बजे रमेश के चेहरे पर पंजा रखकर उठा देता। पहले रमेश को गुस्सा आता था, फिर यह उनकी बन गया। अब वह जिम जाते हैं, समय पर खाते हैं – टॉमी के कारण उनकी पूरी दिनचर्या सेट हो गई। एंटरटेनमेंट फैक्टर: हर सुबह पंजा मारने का वीडियो परिवार व्हाट्सएप ग्रुप पर वायरल होता है।
ਕੁੱਤੇ ਮਨੁੱਖ ਦੇ ਸਭ ਤੋਂ ਚੰਗੇ ਦੋਸਤਾਂ ਵਿੱਚੋਂ ਇੱਕ ਹਨ। ਉਹ ਸਾਡੇ ਨਾਲ ਖੇਡਦੇ ਹਨ, ਸਾਡੀ ਰੱਖਿਆ ਕਰਦੇ ਹਨ ਅਤੇ ਸਾਨੂੰ ਬਿਨਾਂ ਕਿਸੇ ਸਵਾਰਥ ਦੇ ਪਿਆਰ ਕਰਦੇ ਹਨ। Kutte Se Chudai Ki Stories In Punjabi Or Hindi Free If Cost